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दस महाविद्या कौन कौन सी है? जाने 10 महाविद्या की उत्पत्ति के बारे में
Update On
01-January-1970 00:00:00
महाविद्या काली पहली महाविद्या मानी जाती हैं जो माँ सती के शरीर से प्रकट हुई थी। इनका रूप अत्यंत भीषण व दुष्टों का संहार करने वाला हैं। माता सती ने क्रोधवश सबसे पहले अपने सबसे भीषण रूप को प्रकट किया था जो फुंफकार रही थी।महाविद्या काली का रूप (Mahavidya Kali Ka…
पितामह भीष्म और भगवान परशुराम का युद्ध क्यों हुआ था? जानिए अंबा की कहानी
Update On
01-January-1970 00:00:00
हम सभी यह तो जानते हैं कि भगवान परशुराम विष्णु के छठे अवतार (Bhagwan Parshuram Bhishma Pitamah Ka Yudh) थे जिन्होंने इक्कीस बार पृथ्वी से हैहय वंश के क्षत्रियों का नाश किया था। महाभारत के समय भी परशुराम जी का महत्वपूर्ण योगदान (Parshuram Bhishma Ki Ladai) था तथा उन्होंने तीन…
मां कात्यायनी की पूजा करते समय जरूर करें इस चमत्कारी स्तोत्र का पाठ, कष्टों से मिलेगी मुक्ति
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01-January-1970 00:00:00
धर्म । शारदीय नवरात्रि के छठे दिन आदिशक्ति मां दुर्गा के छठे स्वरूप मां कात्यायनी की पूजा की जाती है। अविवाहितों को शीघ्र विवाह के लिए माता कात्यायनी की पूजा करनी चाहिए। इस दिन व्रत-उपवास भी किया जाता है। तंत्र-मंत्र सीखने वाले साधक नवरात्रि के छठे दिन सिद्धि प्राप्त करने…
करवा चौथ के व्रत में इन नियमों का करें पालन, शुभ फलों की होगी प्राप्ति
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01-January-1970 00:00:00
विवाहित महिलाएं अपने पति की सुख-समृद्धि और लंबी उम्र के लिए हर साल करवा चौथ का व्रत रखती हैं। कई जगहों पर यह व्रत कुंवारी कन्याएं भी रखती हैं। इस साल यह व्रत 1 नवंबर, बुधवार को रखा जाएगा। ऐसे में व्रत में कोई बाधा न आए इसके लिए कुछ…
सिख धर्म की स्थापना का उद्देश्य और इतिहास
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01-January-1970 00:00:00
सिख भारतीय आबादी का लगभग 2 प्रतिशत हैं. अन्य धर्मों की तुलना में, सिख धर्म एक छोटा और अल्पसंख्यक धर्म है. ‘सिख’ शब्द का अर्थ है एक शिष्य और इस प्रकार सिख धर्म (Sikhism) मूल रूप से शिष्यत्व का मार्ग है. सच्चा सिख सांसारिक चीजों के प्रति अनासक्त रहता है.…
श्रीराम की सीख: जब हालात ठीक न हो तो तब धैर्य के साथ मन को शांत रखें, तभी जीवन में बदलाव आएगा
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01-January-1970 00:00:00
मंगलवार, 24 अक्टूबर को दशहरा है। त्रेता युग में आश्विन मास की कृष्ण दशमी पर श्रीराम ने रावण का वध किया था। श्रीराम के जीवन की कई ऐसी घटनाएं हैं, जिनमें सुख, शांति और सफलता पाने के सूत्र बताए गए हैं। अगर इन सूत्रों को जीवन में उतार लिया जाए…
हनुमान जी की सीख: जब कोई काम बुद्धिमानी और योजना बनाकर करते हैं तो सफलता जरूर मिलती है
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01-January-1970 00:00:00
मंगलवार, 24 अक्टूबर को दशहरा है। त्रेतायुग में श्रीराम ने आश्विन कृष्ण दशमी पर रावण का वध किया था। रामायण में कई ऐसे प्रसंग हैं, जिनमें जीवन को सुखी और सफल बनाने के सूत्र बताए गए हैं। यहां जानिए ऐसा ही एक प्रसंग...रामायण में देवी सीता का हरण हो गया…
भगवान अपने सच्चे भक्त से रिश्ता निभाते हैं।
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01-January-1970 00:00:00
एक समय एक संत भगवान राम को बहुत मानते थे। वे भगवान राम को अपना शिष्य मानते थे और शिष्य पुत्र के समान होता है, इसलिए माता सीता को पुत्रवधु के रूप में देखते थे। उनका नियम था रोज मंदिर जाते और अपनी पहनी माला भगवान को पहनाते थे। उनकी…
बुद्ध ने क्यों कहा था कि चौथी पत्नी ही साथ देती है
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01-January-1970 00:00:00
इंसान की चौथी पत्नी ही (Story of four wives) साथ देती है एक शिक्षाप्रद कहानी है। वैशाख पूर्णिमा के दिन बुध पुर्णिमा मनाई जाती है। क्या आप जानते हैं कि गौतम बुद्ध ने एक बार कहा था कि हर इंसान की चौथी पत्नी ही साथ देती है। इसके पीछे एक…
राम सेतु में गिलहरी का योगदान
Update On
01-January-1970 00:00:00
रामायण में गिलहरी की कहानी (Gilhari Ki Kahani) काफी प्रसिद्ध है। देवी सीता को हरण करके रावण उन्हें लंका ले गया। हनुमान जी समुद्र लांघ कर लंका गए और माता सीता का पता लगाकर लौटे। भगवान श्री राम माता सीता को रावण के कैद से छुड़ाने के लिए अविलम्ब लंका…
आत्मा और परमात्मा दो नहीं एक ही परम तत्व के दो नाम
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01-January-1970 00:00:00
आत्मा के स्वरूप को समझना आत्मज्ञान है, अंग्रेजी में इसे सेल्फ रिलाइजेशन कहा गया है आत्मज्ञान के अभाव के कारण व्यक्ति इस संसार में राग, द्वेष, क्लेश के कारण दुःखों को प्राप्त करता है। समझदार व्यक्ति आत्मज्ञान प्राप्त कर इस जन्म के साथ अपने अगले जन्म को सुधार कर मोक्ष…
हृदय में जहां उत्सव है, वहीं आनंद भी छिपा है
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01-January-1970 00:00:00
चैतन्य से जुड़ने पर जीवन का आनंद प्राप्त होता है। आनंद के लिए हम लोग कहां-कहां नहीं भटकते और कैसे-कैसे उपाय करते हैं। लेकिन वह आनंद क्षणिक होता है। साधनों से प्राप्त आनंद कुछ समय बाद छूट जाता है। लेकिन अपने अंदर जो चैतन्य है, उससे जुड़ने पर जीवन का…
धनतेरस पर क्यों खरीदी जाती है झाड़ू, जानिए क्या है इसका धार्मिक महत्व
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01-January-1970 00:00:00
दिवाली कुछ दिन दूर है। वर्ष के इस पांच दिवसीय त्योहार को मनाने के लिए लोगों ने तैयारियां शुरू कर दी हैं। दीपावली इस साल 12 नवंबर है। दिवाली का पर्व धनतेरस से शुरू होता है। हिंदू धर्म में धनत्रयोदशी का खास महत्व है। यह त्योहार कार्तिक माह के कृष्ण…
कैसे प्रचलन में आया हिंदू धर्म नाम, जानिए सनातन का सही अर्थ
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01-January-1970 00:00:00
Sanatan Dharma आज सनातन धर्म के लिए हिंदू धर्म नाम ज्यादा प्रचलित है। इस धर्म के अनुयायियों को हिंदू या सनातनी कहा जाता है। शास्त्रों में सनातन धर्म का ही जिक्र मिलता है। हिंदू नाम बहुत बाद में प्रचलन में आया। लेकिन क्या आप जानते हैं कि सनातन धर्म का…
मनुष्य का भाग्य कब लिखा जाता है जरूर जानें।
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01-January-1970 00:00:00
दोस्तो इस दुनिया मे दो किस्म के लोग मौजूद है पहले वो जो कि आस्तिक होते है अर्थात ईश्वर की सत्ता पर विश्वास करते है ऐसे लोग भाग्य पर भी विश्वास करते है लेकिन कुछ लोग ऐसे होते है जो कि नास्तिक होते है अर्थात वो ईश्वर पर विश्वास नही…
इंसान अपना भाग्य खुद लिख सकता है
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01-January-1970 00:00:00
ग्रह-नक्षत्र और भाग्य के बारे में अनेक धारणा एवं मान्यता प्रचलित हैं। कुछ लोगों का मानना है कि भाग्य ईश्वर के द्वारा रचित है, तो कुछ लोग मानते हैं कि ग्रह-नक्षत्र हमारा भाग्य तय करते हैं तो कुछ कहते हैं कि भाग्य हमारे द्वारा किए गए कर्मों के आधार पर…
माता सीता की इस बात के कारण हनुमान जी को चढ़ाते हैं सिंदूर, रामचरित मानस में है जिक्र
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01-January-1970 00:00:00
मंगलवार का दिन भगवान हनुमान को समर्पित है। इस दिन बड़ी संख्या में भक्त अंजनीपुत्र का आशीर्वाद लेने हनुमान मंदिर पहुंचते हैं। साथ ही भगवान हनुमान को सिंदूर और चोला भी चढ़ाया जाता है। भगवान हनुमान को सिंदूर चढ़ाने का न सिर्फ धार्मिक महत्व है, बल्कि इसका वैज्ञानिक कारण भी…
झाडू मे माँ लक्ष्मी जी का वाश क्यो माना जाता है।
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01-January-1970 00:00:00
आप सभी को पता है कि धन की देवी महालक्ष्मी है जो कि भगवान विष्णु के साथ वैकुंठ लोक मे क्षीरसागर मे निवास करती है। इन्हे आदिशक्ति और महामाया भी कहा जाता है। लेकिन दोस्तो क्या आपको पता है कि झाडू मे भी माँ लक्ष्मी का वाश माना जाता है।…
लहसुन और प्याज का सेवन ब्राम्हण क्यो नही करते है।
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01-January-1970 00:00:00
आज के समय मे लोग लहसुन और प्याज के बिना कोई सब्जी ही नही बनाते है। लहसुन और प्याज का इस्तेमाल लगभग हर घर मे किया जाता है। लेकिन दोस्तो क्या आप जानते है लहसुन और प्याज का सेवन ब्राम्हण कभी नही करते है। इसकी कहानी समुद्र मंथन से जुडी…
शिवलिंग कभी खंडित क्यो नही होता है जरूर जानें।
Update On
01-January-1970 00:00:00
हमारे हिन्दू धर्म शास्त्र के अनुसार जब कोई मूर्ति कही से टूट जाती है तो उस मूर्ति की पूजा नही की जाती है क्योंकि वह मूर्ति खंडित हो जाती है। खंडित मूर्ति को नदी मे विसर्जित कर दिया जाता है। उसके बाद नये मूर्ति को लाकर उसकी पूजा की जाती…
हर-हर महादेव बोलते हुए क्यों ऊपर उठाया जाता है हाथ
Update On
01-January-1970 00:00:00
देवों के देव महादेव के नाम से भगवान शिव को जाना जाता है। उनके स्वभाव के अनुरूप कई नाम हैं, जिनमें भोलेनाथ, शंकर, महेश, रुद्र, गंगाधर सबसे अधिक प्रचलित हैं। महादेव के बारे में कहा जाता है कि वह बहुत सौम्य हैं और उतने ही ज्यादा रुद्र हैं। भगवान शिव…
गुरुनानक जी की सीख:अच्छाई को ज्यादा से ज्यादा लोग पहुंचाएं और बुराई को एक जगह सीमित कर दें, तभी समाज का भला होगा
Update On
01-January-1970 00:00:00
कार्तिक पूर्णिमा (27 नवंबर) पर सिख धर्म के संस्थापक गुरु नानकदेव जी की जयंती है। गुरुनानक शिष्यों के साथ यात्रा करते करते थे। इस दौरान वे अपने उपदेशों से और अपने आचरण से लोगों को सुखी जीवन के सूत्र भी बताते थे। कभी-कभी वे ऐसी बातें कह देते थे, जो…
महाशमशान काशी मणिकर्णिका घाट का रहस्य
Update On
01-January-1970 00:00:00
काशी बनारस मे स्थित मणिकर्णिका घाट के बारे मे जरूर सुना होगा। ऐसा कहा जाता है कि जिस व्यक्ति का अंतिम संस्कार इस मणिकर्णिका घाट पर होता है उसे मोक्ष की प्राप्ति हो जाती है। इस घाट पर 24 घंटे चिता जलती रहती है।महाशमशान काशी मणिकर्णिका घाट का रहस्य-यहाँ पर…
हनुमान जी की पूजा में इन नियमों का करें पालन, प्रसन्न होंगे बजरंगबली
Update On
01-January-1970 00:00:00
सनातन धर्म में हनुमान जी की पूजा को शुभ माना जाता है। मंगलवार का दिन विशेष रूप से भगवान हनुमान को समर्पित होता है। मंगलवार के दिन सच्ची श्रद्धा से संकट मोचन की पूजा करने से सभी समस्याएं दूर हो जाती हैं। कहा जाता है कि मंगलवार के दिन बजरंगबली…
घर में कौनसी तुलसी रखें रामा या श्यामा
Update On
01-January-1970 00:00:00
तुलसी को हिंदू धर्म में सबसे पवित्र माना गया है। कहते हैं जिस घर में तुलसी का पौधा होता है उस घर में सुख समृद्धि और धन धान्य की कोई कमी नहीं रहती है। तुलसी का पौधा घर की उत्तर दिशा में लगाना सबसे शुभ माना जाता है। लेकिन, क्या…
क्यों दिए जाते हैं विवाह के दौरान 7 वचन, जानिए इनका महत्व और कारण
Update On
01-January-1970 00:00:00
हिंदू धर्म के सोलह संस्कारों में से एक विवाह है। विवाह संस्कार के दौरान कई रस्में निभाई जाती हैं, जिनमें से 7 फेरे लेना भी एक महत्वपूर्ण रस्म होती है। इसके बिना शादी अधूरी मानी जाती है। विवाह में लिए जाने वाले फेरों के दौरान पवित्र अग्नि के सात फेरे…
विवाह पंचमी पर नहीं होती शादियां, जानिए आखिर क्या है कारण
Update On
01-January-1970 00:00:00
हर साल विवाह पंचमी मार्गशीर्ष माह के शुक्ल पक्ष की पंचमी तिथि को मनाई जाती है। हिंदू धर्म में इस दिन का विशेष महत्व माना जाता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, त्रेता युग में इसी विशेष तिथि पर भगवान राम और माता सीता का विवाह हुआ था। हालांकि, यह भी माना…
हिंदू धर्म मे मृत्यु के बाद शिशुओं तथा साधू संत को जलाया क्यो नही जाता है।
Update On
01-January-1970 00:00:00
दूसरे धर्मों मे किसी व्यक्ति के मृत्यु के पश्चात शव को दफनाया जाता है वही हमारे हिंदू धर्म मे किसी व्यक्ति के मृत्यु के बाद उसे दफनाया नही बल्कि जलाया जाता है। लेकिन दोस्तो क्या आप जानते है कि हमारे हिंदू धर्म मे किसी शिशु के मृत्यु के बाद उसे…
हर इंसान के शरीर में चलता है समुद्र मंथन मन होता है जल और वासुकी नाग की तरह हर होती है आने-जाने वाली हर सांस
Update On
01-January-1970 00:00:00
समुद्र मंथन देवताओं और राक्षसों के बीच हुआ था। इसके लिए मंदराचल पर्वत का इस्तेमाल किया गया। ये पर्वत अपने वजन के कारण समुद्र में डूब जाता, लेकिन उसको रोकने के लिए भगवान विष्णु ने कछुआ बनकर उसे अपनी पीठ पर टिकाया।मंथन के लिए वासुकी नाग को रस्सी के रूप…
जब एक कुत्ता पहुंचा भगवान राम से न्याय मांगने।
Update On
01-January-1970 00:00:00
आप सभी मर्यादा पुरूषोत्तम भगवान राम के बारे मे बहुत अच्छी तरह से जानते होगें। इनके शासनकाल मे प्रजा बहुत सुखी थी। इनके दरवार मे प्रतिदिन लोग न्याय पाने के लिये पहुचते थे तथा सभी के साथ भगवान राम उचित न्याय करते थे। इन्ही के शासनकाल की बात है शाम…
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